चार दिन बीतने के बाद भी चर्चित हत्याकांड का सुराग नहीं ढूंढ पाई पुलिस। 

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चार दिन बीतने के बाद भी चर्चित हत्याकांड का सुराग नहीं ढूंढ पाई पुलिस।

रामानंद सिंह

मोहनपुर, गया

गया जिला के मोहनपुर थाना क्षेत्र मे चार दिन बीतने के बाद भी चर्चित हत्याकांड का सुराग नहीं ढूंढ पाई पुलिस। उल्लेखनीय हो कि मोहनपुर थाना क्षेत्र के सोंडीहा गांव के पोखर से 22 नवंबर को एक युवक एवं एक युवती का शव बरामद किया गया था। जिसकी पहचान गांव के ही नीतीश कुमार उम्र 19 वर्ष एवं दशरथ चौधरी के पुत्री रूपा कुमारी उम्र 15 वर्ष के रूप में किया गया था। मृतक नीतीश कुमार के शरीर में केवल जींस पैंट था एवं टी-शर्ट नहीं था। वही मृतका के शरीर पर कपड़े पहनी हुई थी।  दोनों का शव पानी में उल्टा मुंह के तरफ पानी मे गीरा हुआ था।  दोनों के आंखों नहीं था। शनिवार को फोरेंसिक टीम ने आकर घटनास्थल की जांच किया गया है। वहीं मृतक के घर से मिट्टी का सैंपल और कुछ सैंपल ले गया है। इधर पुलिस लगातार मृतक का मोबाइल का ट्रेस कर रही है। मृतक नीतीश के पास वो का मोबाइल सेट था। जिसका भी कोई पता नहीं चल रहा है। वहीं पुलिस इसका कॉल डिटेल्स एवं लोकेशन ले रहा है। पुलिस पूरी तरह से उद्वेदन में जुटी हुई है। मोहनपुर थाना अध्यक्ष संजय कुमार ने बताया कि ओडी प्राथमिकी दर्ज करते हुए पुलिस पूरी मामले की छानबीन में लगी हुई है। उन्होंने कहा कि जब तक अंतिम परीक्षण का रिपोर्ट नहीं आता है। तब तक मामला का खुलासा नहीं हो सकता है। हत्या है या आत्महत्या। इधर ग्रामीणों में चर्चा है कि दोनों मृतक को मार कर शव को पानी में फेंक दिया गया है। साक्ष छुपाने के लेकर पोखरा मे डाल दिया था। वहीं पुलिस लगातार मामले की छानबीन में जुटी हुई है। मृतक के भाई ने बताया कि  19 नवंबर की रात 9:00 बजे सभी परिवार के साथ मेरे भाई खाना खाया है। खाना खाकर सोया हुआ था 1:00 बजे रात में मृतका  रूपा के पिता एवं माता मेरे घर पर आए और कहने लग लगा कि तेरा भाई मेरी बेटी को लेकर भाग गया है। उसे समय से पूरे परिवार उसे इधर-उधर खोजने में लग गए लगातार तीन दिन खोजने के बाद ग्रामीणों के द्वारा सूचना मिला कि आपका भाई की शव पोखर में मिला है। वहां पर मैं जब दौड़ कर पहुंचा तो देखा तो मेरे भाई मुंह के भारे पानी में गिरा हुआ है। हमें शक होता है कि मेरे भाई को मार कर और पोखरा में फेंक दिया गया है। क्योंकि मृतक के माता-पिता और उनके परिजन हम लोगों को काफी दबाव तीन दिन के अंदर में बना रहे थे कि लड़का लड़की को खोज कर लाना है।

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