
पैक्स चुनाव में पुराने चेहरों पर मतदाताओं ने जताया भरोसा
संवाददाता रामानंद सिंह
मोहनपुर, गया
गया जिला के मोहनपुर प्रखंड की 17 पंचायत में हुए पैक्स चुनाव परिणाम के बाद देखने को मिला कि मतदाताओं ने पुराने चेहरों पर अधिक विश्वास जताया है। जीत हार के अंतर पर नजर डालें तो सर्वाधिक अंतर गोपालकेङा पंचायत में रहा। जहां सतीश कुमार को 862 मत मिले हैं। जबकि उनके प्रतिद्वंदी लखन यादव को 180 मत मिले हैं। यहाँ जीत-हार का अंतर 682 मत का रहा। जबकि जीत हार के सबसे कम अंतर गुरियावां पैक्स में रहा।जहां अध्यक्ष पद के लिए हुए चुनाव में राजकुमार यादव को 591 मत मिले। वही उनके निकटतम प्रतिद्वंदी अजय साव को 575 मत मिले। यहाँ जीत-हार का अंतर महज 16 वोट का रहा। वहीं दूसरी तरफ सिरियावां पंचायत के निर्वाचित अध्यक्ष पिन्टू कुमार सिंह को 864 वोट मिले। जबकि इनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी रवी रंजन कुमार के 407 मत मिले। लाडु पंचायत से सनोज यादव को 535 मत मिले। उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी रामलखन यादव को 402 मत मिले। लखैयपुर पैक्स से प्रवीण कुमार को 544 मत मिले। जबकि उनके निकटतम प्रतिबंध विनोद को 288 मत मिले। बगुला पंचायत से लखन प्रसाद को 810 मत मिले। उनके प्रतिद्वंद्वी सुदर्शन प्रसाद को 523 मत मिले। मुसैला पंचायत से अमुज कुमार सिंह को 533 मत मिले। जबकि रामानंद प्रसाद को 468 मत मिले। डेमा पंचायत पैक्स से राजदेव यादव को 444 मत मिले। जबकि उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी मुनावां देवी 276 मत मिले। एरकी पैक्स से इंद्रदेव प्रसाद को 480 मत मिले। उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी अजय यादव को 320 मत मिले।बुमुआर पैक्स से सूरज देव प्रसाद शास्त्री को 630 मत मिले। वहीं सुबेदार यादव को 500 मत मिले। मटिहानी पंचायत पैक्स अध्यक्ष बेबी देवी कुमारी को 647 मत मिले। उनके लाला प्रसाद को 206 मत मिले। टेसवार पंचायत से कैलाश प्रसाद को 736 मत मिला वहीं प्रतिद्वंदी राजनंदन प्रसाद को 666 मत मिला। धरहरा पैक्स से शशि कुमार यादव को 205 मत मिला उनके प्रतिद्वंद्वी सत्येंद्र कुमार यादव को 156 मत प्राप्त हुआ मोहनपुर प्रखंड विकास पदाधिकारी शाह निर्वाचन पदाधिकारी विकास कुमार ने बताया कि देर रात तक मतगणना होने के कारण परिणाम घोषित किया गया है। प्रखंड विकास पदाधिकारी ने बताया कि निर्विरोध निर्वाचित सभी सदस्य एवं अध्यक्ष का प्रमाण पत्र कल से दिया जाएगा बताते चले की पुराने चेहरे का बल्ले बल्ले रहा किसी ने दूसरे बार तो किसी ने तीसरी बार चुनाव जीत कर अपनी कुर्सी को बचाया है वही तीन नए चेहरे भी सामने आया है।






